यह देश कोई धर्मशाला नहीं, एक-एक घुसपैठिये को चुन-चुनकर बाहर निकालेंगे: अमित शाह
कोल्हापुर, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने महाराष्ट्र के कोल्हापुर में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए उद्धव ठाकरे और कांग्रेस पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है। उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा और घुसपैठियों के मुद्दे पर बेहद कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया कि एक-एक घुसपैठिए को देश की सीमाओं से बाहर निकाला जाएगा। शाह ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि यह देश कोई धर्मशाला नहीं है, बल्कि यहां सिर्फ वही रहेगा जिसका जन्म इस धरती पर हुआ है। अपनी इस अहम यात्रा के दौरान गृह मंत्री ने शनिवार को पवित्र शक्तिपीठ श्री अंबाबाई महालक्ष्मी मंदिर में दर्शन और पूजा-अर्चना भी की और देशवासियों के लिए देवी का आशीर्वाद मांगा।
जनसभा को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता ने भी भारतीय जनता पार्टी पर अपना विश्वास जताते हुए उसे आशीर्वाद दिया है। उन्होंने जनता को आश्वस्त किया कि आने वाले समय में न केवल बंगाल की सीमाओं से घुसपैठ पूरी तरह बंद कर दी जाएगी, बल्कि पूरे देश से ऐसे घुसपैठियों को चुन-चुनकर बाहर किया जाएगा। उद्धव ठाकरे की राजनीति पर कड़ा प्रहार करते हुए शाह ने कहा कि वह आज सत्ता के लिए कांग्रेस की गोद में जाकर बैठ गए हैं और घुसपैठियों को सिर्फ अपना वोटबैंक बनाकर राजनीतिक लाभ लेना चाहते हैं। उन्होंने हुंकार भरते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मजबूत नेतृत्व में भारत की सुरक्षा और अखंडता सुनिश्चित की जाएगी।
अपने संबोधन में अमित शाह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बड़ी राजनीतिक उपलब्धियों का भी प्रमुखता से जिक्र किया। उन्होंने बताया कि पीएम मोदी ने हाल ही में देश में सबसे लंबे समय तक चुने हुए प्रधानमंत्री रहने का एक ऐतिहासिक रिकॉर्ड अपने नाम किया है। गृह मंत्री ने कहा कि पिछले 12 वर्षों के दौरान मोदी जी के कुशल नेतृत्व में सोमनाथ से लेकर गंगासागर तक और पूरे देश में भारतीय जनता पार्टी तथा एनडीए गठबंधन का शासन फैलाने का अभूतपूर्व कार्य हुआ है। शाह ने राजनीतिक विरोधियों को याद दिलाते हुए कहा कि पहले लोग सवाल उठाते थे कि भाजपा देश के अन्य हिस्सों तक तो पहुंच जाएगी, लेकिन पश्चिम बंगाल में क्या करेगी? लेकिन पिछले चुनावों में पश्चिम बंगाल की जनता ने भी भाजपा को अपना भारी समर्थन देकर उन सभी आलोचकों को करारा जवाब दे दिया है।
राम मंदिर आंदोलन के पुराने दिनों को याद करते हुए अमित शाह ने कहा कि जब वे छोटे थे और राम जन्मभूमि आंदोलन के दौरान निकलते थे, तो कई बुजुर्ग कहते थे कि शायद उनके जीवनकाल में मंदिर का निर्माण नहीं हो पाएगा। लेकिन प्रभु राम की कृपा से 2014 में भाजपा की सरकार बनी, मोदी जी देश के प्रधानमंत्री बने और आज अयोध्या में भव्य राम मंदिर अपनी पूरी शान और भगवा ध्वजा के साथ विराजमान है। उन्होंने कहा कि आज पूरे देश में ‘विकास भी-विरासत भी’ के मूल मंत्र के तहत एक बड़ा सांस्कृतिक और आध्यात्मिक पुनर्जागरण हो रहा है।
