भारत-कनाडा संबंधों में आई नई गति: कनाडा दौरे के बाद पीयूष गोयल का बयान
नई दिल्ली, केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शनिवार को अपने कनाडा दौरे की प्रमुख झलकियां साझा करते हुए कहा कि इस यात्रा ने भारत और कनाडा के संबंधों में आई नई गति को फिर से मजबूत किया है। सोशल मीडिया पर “कनाडा की मेरी बेहद सफल यात्रा की झलकियां” शीर्षक से साझा किए गए एक पोस्ट में गोयल ने कहा कि इस दौरे ने दोनों देशों की आपसी विकास और समृद्धि को आगे बढ़ाने की साझा प्रतिबद्धता को भी दोहराया है। गोयल द्वारा साझा किए गए वीडियो में कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी, कनाडा के अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री मनिंदर सिद्धू और विदेश मंत्री अनीता आनंद के साथ उनकी बैठकों की झलक दिखाई गई।
वीडियो में टोरंटो में आयोजित उद्घाटन मंत्रीस्तरीय पूर्ण सत्र में उनके संबोधन और मनिंदर सिद्धू द्वारा आयोजित स्वागत समारोह में उद्योग जगत के नेताओं के साथ उनकी बातचीत भी शामिल थी।
इसके अलावा, वीडियो में कनाडा निवेश गोलमेज बैठक (इन्वेस्टमेट राउंडटेबल) में उनकी भागीदारी, भारत-कनाडा कॉरिडोर से जुड़े क्षेत्रीय चैंबरों के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा और कनाडा-इंडिया फाउंडेशन के सदस्यों से मुलाकात भी दिखाई गई।
गोयल ने ओंटारियो सेंटर ऑफ इनोवेशन का भी दौरा किया और भारतीय व्यापार प्रतिनिधियों, कई कंपनियों के सीईओ तथा उद्योग एवं व्यापार मंडलों के प्रमुखों के साथ बैठक कर व्यापार और निवेश के अवसरों पर चर्चा की।
इस सप्ताह जारी एक आधिकारिक बयान के अनुसार, भारत और कनाडा के बीच मौजूदा द्विपक्षीय व्यापार लगभग 8.5 अरब डॉलर का है। दोनों देशों की सरकारें वर्ष 2030 तक इसे बढ़ाकर 50 अरब डॉलर तक पहुंचाने के साझा और महत्वाकांक्षी लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्ध हैं।
तीन दिवसीय यह दौरा भारत और कनाडा के बीच व्यापारिक एवं आर्थिक संबंधों को मजबूत करने के उद्देश्य से किया गया था। इस दौरान विशेष रूप से भारत-कनाडा व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौते (सीईपीए) पर चल रही वार्ताओं को गति देने पर जोर दिया गया।
गोयल ने भारत के तेजी से बढ़ते स्टार्टअप और नवाचार इकोसिस्टम को रेखांकित करते हुए बताया कि कनाडा इन उच्च विकास वाले क्षेत्रों में सार्थक साझेदारी कर सकता है।
उन्होंने यह भी कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), क्लीनटेक, एग्रीटेक और डीप-टेक जैसे क्षेत्रों में दोनों देशों के बीच सहयोग की अपार संभावनाएं हैं, क्योंकि इन क्षेत्रों में भारत और कनाडा की क्षमताएं एक-दूसरे की पूरक हैं।
दौरे के दौरान गोयल ने ओंटारियो के प्रीमियर डग फोर्ड से भी मुलाकात की और भारत-ओंटारियो सहयोग को और मजबूत बनाने के अवसरों पर चर्चा की।
दोनों नेताओं ने विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग), प्रौद्योगिकी, बुनियादी ढांचा, स्वच्छ ऊर्जा, खाद्य प्रसंस्करण और महत्वपूर्ण खनिज (क्रिटिकल मिनरल्स) जैसे रणनीतिक क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की संभावनाओं पर विचार-विमर्श किया। साथ ही, व्यापार और निवेश साझेदारी को और मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता भी दोहराई।
