June 3, 2026

आरबीआई ने कहा- देश के पास अब भी 880.52 टन गोल्ड रिजर्व सुरक्षित

सोना बेचने की खबरों को बताया गलत

नई दिल्ली, भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने बुधवार को उन मीडिया रिपोर्टों को पूरी तरह खारिज कर दिया, जिनमें दावा किया गया था कि केंद्रीय बैंक ने अपने स्वर्ण भंडार (गोल्ड रिजर्व) का एक हिस्सा बेच दिया है। आरबीआई ने स्पष्ट किया कि उसके पास मौजूद भौतिक सोने का भंडार पहले की तरह 880.52 टन ही है और इसमें कोई बदलाव नहीं हुआ है। आरबीआई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी एक बयान में कहा कि कुछ मीडिया रिपोर्टों में यह दावा किया गया है कि रिजर्व बैंक ने सोना बेचा है, लेकिन यह जानकारी सही नहीं है। केंद्रीय बैंक ने कहा कि उसके स्वर्ण भंडार से जुड़ी जानकारी नियमित रूप से मासिक बुलेटिन में प्रकाशित की जाती है और वर्तमान में भौतिक सोने का स्टॉक 880.52 टन पर स्थिर बना हुआ है। आरबीआई ने कहा कि उसके स्वर्ण भंडार का पूरा विवरण मासिक बुलेटिन में उपलब्ध रहता है, जिसे कोई भी व्यक्ति आरबीआई की आधिकारिक वेबसाइट पर देख सकता है। बैंक ने दोहराया कि अभी तक सोने के भौतिक भंडार में कोई कमी नहीं आई है।
केंद्रीय बैंक ने लोगों से अपील की कि वे इस तरह की खबरों पर भरोसा करने के बजाय आरबीआई द्वारा समय-समय पर जारी की जाने वाली आधिकारिक जानकारी को ही सही मानें।
इस मामले पर प्रेस सूचना ब्यूरो (पीआईबी) की फैक्ट चेक यूनिट ने भी स्पष्टीकरण जारी किया। पीआईबी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा कि कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया है कि आरबीआई ने लगभग 12 अरब डॉलर मूल्य का सोना बेच दिया है, जबकि यह दावा पूरी तरह फर्जी है।
पीआईबी के अनुसार, आरबीआई के आंकड़े बताते हैं कि भारत के विदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारी लगातार बढ़ रही है। सितंबर 2025 के अंत में विदेशी मुद्रा भंडार में सोने की हिस्सेदारी 13.92 प्रतिशत थी, जो 31 मार्च 2026 तक बढ़कर 16.70 प्रतिशत हो गई। इसके बाद 22 मई 2026 तक यह और बढ़कर 16.85 प्रतिशत पहुंच गई।
दरअसल, इससे पहले एक अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट में ब्लूमबर्ग का हवाला देते हुए दावा किया गया था कि आरबीआई ने 22 मई तक के दो सप्ताह के दौरान लगभग 12 अरब डॉलर मूल्य का सोना बेचकर विदेशी मुद्रा परिसंपत्तियां खरीदी हो सकती हैं। इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद बाजार में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई थीं।

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