अमेरिका-यूरोप की तर्ज पर पंजाब में अब 6 मिनट में मिलेगी पुलिस सहायता: भगवंत मान
चंडीगढ़ , पंजाब की पुलिसिंग को अंतरराष्ट्रीय मानकों के समकक्ष लाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने मंगलवार को संगरूर में एक बड़े कार्यक्रम के दौरान 508 नए इमरजेंसी रिस्पांस व्हीकल्स को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने संकल्प दोहराया कि पंजाब अब अमेरिका और यूरोप जैसे विकसित देशों की तर्ज पर महज छह मिनट के भीतर संकटग्रस्त नागरिकों तक पुलिस सहायता पहुंचाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि डायल-112 सेवा के तहत इन अत्याधुनिक वाहनों की तैनाती से राज्य के सभी 28 पुलिस जिलों में जमीनी स्तर पर कानून-व्यवस्था की स्थिति और मजबूत होगी। उन्होंने बताया कि पिछले चार वर्षों के दौरान पंजाब सरकार ने पुलिस बेड़े के आधुनिकीकरण पर 327.70 करोड़ रुपये का भारी-भरकम निवेश किया है। सुरक्षा व्यवस्था में इस सुधार का सकारात्मक असर राज्य के औद्योगिक विकास पर भी दिख रहा है, जिसका प्रत्यक्ष प्रमाण टाटा स्टील द्वारा पंजाब में स्थापित किया जा रहा दूसरा सबसे बड़ा प्लांट है।संगरूर में एक जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने नशे के अभिशाप के खिलाफ निर्णायक युद्ध का आह्वान किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि केवल पुलिस कार्रवाई पर्याप्त नहीं है, इसके लिए जन-आंदोलन की आवश्यकता है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे नशे के कारोबार में लिप्त लोगों का सामाजिक बहिष्कार करें। मुख्यमंत्री ने कड़े लहजे में कहा- जिन्होंने हमारी पीढ़ियों को बर्बाद किया है, वे किसी भी नरमी या सहानुभूति के पात्र नहीं हैं। सामाजिक बहिष्कार ऐसे तत्वों के खिलाफ अंतिम प्रहार साबित होगा। नशे के खिलाफ सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए उन्होंने बताया कि ‘युद्ध नशे विरुद्ध’ अभियान के तहत बड़े तस्करों पर शिकंजा कसा गया है। इसी का परिणाम है कि राज्य में एनडीपीएस मामलों में सजा दिलाने की दर (कन्विक्शन रेट) 87 प्रतिशत तक पहुंच गई है, जो देश के किसी भी अन्य राज्य के मुकाबले कहीं अधिक है।प्रशासनिक सुधारों की चर्चा करते हुए भगवंत मान ने कहा कि उनकी सरकार ने पुलिसिंग में बॉटम-अप दृष्टिकोण अपनाया है। पहले केवल उच्च अधिकारियों को नई गाड़ियां मिलती थीं, लेकिन अब सीधे थाना स्तर पर एसएचओ को वाहन उपलब्ध कराए जा रहे हैं ताकि रिस्पांस टाइम बेहतर हो सके।
सड़क सुरक्षा के क्षेत्र में पंजाब की देशव्यापी प्रशंसा का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने सड़क सुरक्षा बल का विवरण दिया। उन्होंने बताया कि 1,597 प्रशिक्षित जवानों और 144 आधुनिक वाहनों वाले इस बल ने 4,200 किलोमीटर दुर्घटना संभावित राजमार्गों पर मौतों के आंकड़ों में 48 प्रतिशत की कमी लाई है। इस विशेष बल की कार्यप्रणाली की सराहना स्वयं केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी कर चुके हैं।मुख्यमंत्री ने विस्तार से बताया कि आज शामिल किए गए 508 बोलेरो वाहनों के बाद डायल-112 का कुल बेड़ा बढ़कर 764 वाहनों का हो गया है। ये सभी गाड़ियां जीपीएस ट्रैकर, डैश कैमरे और मोबाइल डेटा सिस्टम जैसी तकनीक से लैस हैं। वर्तमान में डायल-112 पर रोजाना 15,000 कॉल प्राप्त होती हैं, जिनमें से 1,500 पर तत्काल कार्रवाई की आवश्यकता होती है। इसके अलावा मान ने भविष्य की योजनाएं भी बताईं।
