इजरायली सेना ने इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के प्रवक्ता अली मोहम्मद को मौत के घाट उतारा, मचा हड़कंप
नई दिल्ली, इजरायल, अमेरिका और ईरान के बीच छिड़ी विनाशकारी जंग अब अपने सबसे खौफनाक मोड़ पर पहुंच गई है। मिडिल ईस्ट में पिछले 21 दिनों से जारी इस भीषण युद्ध के बीच ईरान को एक बहुत बड़ा और करारा झटका लगा है। लगातार हो रहे हवाई हमलों के बीच इजरायली सेना ने इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के प्रवक्ता अली मोहम्मद को मौत के घाट उतार दिया है। ईरान सरकार ने भी आधिकारिक तौर पर अली मोहम्मद की मौत की पुष्टि कर दी है। इजरायल ने हाइफा शहर पर हुए ईरानी हमले का यह खौफनाक बदला लिया है, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव चरम पर पहुंच गया है और युद्ध हर दिन भीषण रूप लेता जा रहा है।
इजरायली सेना ने ईरान की राजधानी तेहरान को अपना मुख्य निशाना बनाते हुए एक के बाद एक कई ताबड़तोड़ मिसाइल हमले किए हैं। इन भीषण हमलों से पूरा तेहरान थर्रा उठा है और हर तरफ दहशत का माहौल है। हमलों के कई वीडियो भी सामने आए हैं, जिनमें राजधानी के बीचों-बीच बड़े और भयानक धमाके होते हुए साफ देखे जा सकते हैं। लगातार हो रही इस बमबारी के कारण तेहरान के कई इलाकों में आसमान धुएं के गुबार से ढक गया है।
इजरायल के हमलों से बौखलाए ईरान ने भी खाड़ी देशों का रुख करते हुए अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। गुरुवार रात ईरान ने चार प्रमुख खाड़ी देशों- दुबई, बहरीन, कुवैत और संयुक्त अरब अमीरात पर जबरदस्त एयर स्ट्राइक की। दुबई सरकार ने इन हमलों की पुष्टि करते हुए हालात की गंभीरता को स्वीकार किया है। वहीं, बहरीन में ईरानी मिसाइलों के गिरने से एक बड़ा गोदाम पूरी तरह जलकर खाक हो गया। इन हमलों को नाकाम करने के लिए खाड़ी देशों में तैनात अमेरिकी एयर डिफेंस सिस्टम लगातार आसमान में मिसाइलों को इंटरसेप्ट करने में जुटा है।
इस युद्ध में रणनीतिक कदम उठाते हुए इजरायल ने पहली बार कैस्पियन सागर में मौजूद ईरान के नौसैनिक ठिकानों पर विनाशकारी हमला किया है। रूस की सीमा के बेहद करीब हुए इस हमले में ईरान के मिसाइल जहाज और नेवी कमांड सेंटर पूरी तरह तबाह कर दिए गए हैं। इस बड़ी कार्रवाई से इस रास्ते से मॉस्को को होने वाली सप्लाई चेन पर भी गंभीर असर पड़ने की पूरी आशंका है। इसके अलावा, परचिन मिलिट्री कॉम्प्लेक्स और करमन में स्थित आईआरजीसी के अहम ठिकानों पर भी भारी बमबारी की खबरें हैं। इजरायली मिसाइलों को रोकने के लिए ईरान ने अपना एयर डिफेंस सिस्टम पूरी तरह एक्टिव कर दिया है, लेकिन तबाही का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है।
