आजादनगर,बरहाना,चमनपुरा,बाढ़सा सहित आठ गांवों में 15 पहुंचेगी विकसित भारत संकल्प यात्रा जनसंवाद : डीसी
झज्जर, 14 दिसंबर। जिला में चल रही ‘विकसित भारत संकल्प यात्रा शुक्रवार 15 दिसंबर को जिला के चार खंडों क्रमश:मातनहेल, झज्जर,बेरी और बादली खंड के कुल आठ गांवों में पहुंचेगी,जहां यात्रा का भव्य स्वागत किया जाएगा। यह जानकारी डीसी कैप्टन शक्ति सिंह ने गुरूवार को यहां दी। डीसी ने संकल्प यात्रा जनसंवाद कार्यक्रम की विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि यह संकल्प यात्रा प्रात: 10 बजे मातनहेल खंड के गांव आजाद नगर स्थित एससी चौपाल में और दोपहर दो बजे गांव हुमायुपुर के पंचायती चौक,खंड बेरी के गांव बरहाना गुगनान स्थित दादा भैया पर प्रात: दस बजे और गांव चमनपुरा स्थित राजकीय विद्यालय में दोपहर दो बजे,बादली खंड के गांव बाढ़सा के ग्राम सचिवालय में प्रात: दस बजे और गांव मुंडाखेड़ा के सरकारी स्कूल में दोपहर दो बजे,झज्जर खंड के गांव फोर्टपुरा स्थित मेन रोड चौपाल में प्रात: दस बजे और गांव तामसपुरा स्थित पंचायत घर में दोपहर दो बजे पहुुंचेगी और आमजन को केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं बारे जागरूक करेगी। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम के दौरान मौके पर ही विभिन्न योजनाओं व सेवाओं की स्टॉल लगाकर पात्र व वंचितों को लाभान्वित किया जाएगा। -विकसित भारत संकल्प यात्रा जनसंवाद कार्यक्रमों में केंद्र और प्रदेश सरकार की इन योजनाओं का मिल रहा लाभ डीसी ने बताया कि चार खंडों के सभी आठ गांवों में कार्यक्रमों के दौरान मुख्यत: आयुष्मान भारत योजना, प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना, दीनदयाल अंत्योदय योजना, पीएल उज्ज्वला योजना, पीएम विश्वकर्मा, पीएम किसान सम्मान, किसान क्रेडिट कार्ड, पीएम पोषण अभियान, हर घर जल जीवन मिशन, स्वामित्व योजना, जनधन योजना, जीवन ज्योति बीमा योजना, सुरक्षा बीमा योजना, अटल पेंशन योजना, नैनो यूरिया, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण),राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन पर विशेष फोकस रहेगा। पीएम विश्वकर्मा, पीएम उज्ज्वला योजना, पीएम मुद्रा लोन, स्टार्ट-अप इंडिया-स्टैंड-अप इंडिया,आयुष्मान भारत जन आरोग्य व चिरायु योजना, पीएम आवास योजना, स्वच्छ भारत अभियान-शहरी,अमृत अभियान, पीएम भारतीय जन औषधि परियोजना, परिवार पहचान पत्र , बीपीएल राशन कार्ड, उजाला योजना, सौभाग्य योजना, खेलों इंडिया पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा। उन्होंने पात्र नागरिकों का आह्वान किया कि वे अपने-अपने गांवों में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में पहुंच कर योजनाओं का लाभ उठाएं।
