विकास खंड बल्ह में महिला उद्यमियों के लिए फंडिंग एवं नेटवर्किंग मीट का आयोजन
मंडी। जिला उद्योग केन्द्र, मंडी द्वारा शुक्रवार को विकास खंड कार्यालय, बल्ह में महिला उद्यमियों के लिए एक दिवसीय फंडिंग एवं नेटवर्किंग मीट का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम एनआईटीकॉन लिमिटेड के माध्यम से आयोजित किया गया, जिसमें जिले की लगभग 70 महिला उद्यमियों ने भाग लिया।
उद्योग विभाग की पहल के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता उद्योग विभाग की विस्तार अधिकारी बल्ह श्वेता ने की। इसका मुख्य उद्देश्य महिला उद्यमियों को वित्तीय सहायता एवं ऋण सुविधाओं से संबंधित जानकारी प्रदान करना, उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं से अवगत करवाना तथा उपयुक्त विपणन एवं व्यवसायिक अवसरों से जोड़ने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध करवाना था।
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को बैंकिंग सेवाओं, ऋण स्वीकृति प्रक्रिया, विभिन्न सरकारी सब्सिडी एवं प्रोत्साहन योजनाओं, बीमा योजनाओं, उद्यम पंजीकरण, डिजिटल एवं ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रियाओं के संबंध में व्यवहारिक एवं उपयोगी जानकारी प्रदान की गई। साथ ही महिलाओं को वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट तथा ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स जैसे महत्वपूर्ण विपणन प्लेटफॉर्म के बारे में भी जागरूक किया गया, जिससे वे अपने उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुंचा सकें।
कार्यक्रम में पंजाब नेशनल बैंक के लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर चंदर प्रकाश, एनएसआईसी, मंडी के चीफ मैनेजर लोकेश भाटिया, वित्तीय साक्षरता केंद्र से हरि सिंह कौंडल, ग्रामीण विकास विभाग (एनआरएलएम) से वीरेंद्र कुमार (एमई) तथा एमएमएसवाई योजना की सफल महिला उद्यमी एवं लाभार्थी संजना शर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त, जिला उद्योग केन्द्र, मंडी से राजश्री (आरएएमपी स्टाफ) ने भी कार्यक्रम में सहभागिता की।
विशेषज्ञों द्वारा महिला उद्यमियों को एनएसआईसी के अंतर्गत उपलब्ध निःशुल्क प्रशिक्षण कार्यक्रमों की जानकारी दी गई तथा कौशल उन्नयन एवं उद्यमिता विकास के अवसरों से अवगत कराया गया। वक्ताओं ने अपने अनुभव साझा करते हुए प्रतिभागियों को स्वरोजगार एवं उद्यमिता के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।
फंडिंग एवं नेटवर्किंग मीट के दौरान महिला उद्यमियों ने सक्रिय सहभागिता करते हुए विशेषज्ञों से विभिन्न योजनाओं एवं वित्तीय अवसरों से संबंधित प्रश्न पूछे तथा अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया।
यह कार्यक्रम रैम्प परियोजना के अंतर्गत संचालित “सोशल इन्क्लूजन” घटक के तहत आयोजित किया गया, जिसका उद्देश्य महिला उद्यमियों की वित्तीय पहुँच को सुदृढ़ करना, उन्हें सरकारी योजनाओं से प्रभावी रूप से जोड़ना तथा स्थायी आजीविका एवं बाजार संपर्क सुनिश्चित करना है।
