उपमंडल में गृह प्रवेश के लिए विद्युत मीटर डाल रहे बाधा
1 वर्ष से करीब 700 उपभोक्ता विद्युत मीटर लगाने के इंतजार में आपात स्थिति में 2700 रुपए अतिरिक्त खर्च करके निजी मीटर लगाने को विवश हैं लोग
अजय शर्मा बंगाणा, उपमंडल बंगाणा में लोगों को गृह प्रवेश करने के लिए बिजली के मीटर बाधा डाल रहे हैं। जिले के हजारों उपभोक्ता व उपमंडल के करीब 700 से अधिक उपभोक्ता बिजली का मीटर लगाने के लिए 1 वर्ष से लंबा इंतजार कर रहे हैं। लेकिन एक वर्ष का समय बीत जाने के बाद भी बिजली का मीटर लगने की कोई भी तिथि अभी तक निर्धारित नहीं हो पाई है। उप मंडल के कई लोगों ने गृह प्रवेश के लिए पंडितों से तिथि निकलवाई हुई हैं लेकिन मीटर न मिलने की वजह से गृह प्रवेश की तिथियां बार-बार उन्हें बदलना पड़ रही हैं। विभागीय सूत्रों के अनुसार बिजली के मीटर उपलब्ध करवाने के लिए अभी तक प्रदेश सरकार ने टेंडर ही नहीं करवाए हैं। आपात स्थिति में अगर किसी उपभोक्ता को बिजली का मीटर लगवाने पड़ रहा है तो उसे 2700 रुपए खर्च करके निजी मीटर बाजार से खरीदना पड़ रहा है। इतना ही नहीं उपभोक्ता को प्राइवेट विद्युत मीटर की एम एंड टी टेस्टिंग कराकर भी विभाग को देनी पड़ रही है व मीटर की सारी जिम्मेदारी थी अपने ऊपर लेनी पड़ रही है। बिजली का मीटर लगाना आजकल उपभोक्ताओं के लिए परेशानी खड़ी कर रहा है। एक तो पहले विभाग के पास अग्रिम राशि के रूप में उसे लगभग 5000 रुपए जमा करवाने पड़ रहे हैं अगर जल्दी मीटर लगवाना हो तो उसे 2700 रुपए व एम एंड टी टेस्टिंग के अतिरिक्त पैसे खर्च करनी पड़ रहे हैं। जबकि उपभोक्ताओं का आरोप है कि विभाग द्वारा मीटर लगाने के मात्र आश्वासन ही दिए जा रहे हैं। विद्युत सब डिवीजन बंगाणा में 350 उपभोक्ताओं ने बिजली के मीटर लगाने के लिए एक वर्ष से आवेदन किया हुआ है जबकि विद्युत सबडिवीजन थाना कलां में 250 उपभोक्ताओं ने सात महीनों से बिजली का मीटर लगाने के लिए 5000 रूपये अग्रिम राशि जमा करवाई है लेकिन अभी तक मीटर नहीं लग पाए हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि जिन उपभोक्ताओं को एक वर्ष से अधिक समय आवेदन किए हो गया है विभाग द्वारा उन्हें रिप्लेस किये मीटर ही लगा दिए जा रहे हैं। आवेदन कर्ताओं ने विद्युत विभाग व प्रदेश सरकार से गुहार लगाई है कि जल्दी विद्युत विभाग के सबडिविजंस में विद्युत मीटर की सप्लाई भेजी जाए ताकि लोग अपनी पशु शाला व नवनिर्मित घरों में बिजली के कनेक्शन ले सकें। इस संबंध में अधीक्षण अभियंता ऊना अनिल सहगल ने बताया कि नए मीटर उपलब्ध करवाने के लिए प्रदेश सरकार को डिमांड भेजी गई है। बिजली के मीटर का स्टॉक आते ही सभी उपभोक्ताओं को कनेक्शन दे दिए जाएंगे।
