सभी वर्गों की महिलाओं को शिक्षा ग्रहण करने के लिए आगे आना चाहिए: बंडारू
चण्डीगढ़ 28 जुलाई- समाज की अनुसूचित जाति, पिछड़े वर्ग एवं ग्रामीण क्षेत्र की गरीब शत प्रतिशत महिलाओं को शिक्षा ग्रहण करने के लिए आगे आना चाहिए क्योंकि शिक्षित महिलाएं ही अपने अधिकारों की रक्षा करके महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा दे सकती है। हरियाणा के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने यह उदगार शुक्रवार को पंचकूला में सवंर्धिनी न्यास, हरियाणा शाखा द्वारा आयोजित महिला सम्मान समारोह में संबोधित करते हुए प्रकट किए। उन्होंने कार्यक्रम में पंचकूला जिले के बीड़ घग्गर गांव में महिला सिलाई प्रशिक्षण केंद्र मे सिलाई प्रशिक्षण पूर्ण करने के उपरांत लगभग सौ महिलाओं को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा लिए गए संकल्प ’बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओं’ अभियान को सफलता की बुलंदियों पर ले जाने के लिए हरियाणा सरकार ने अनेकों सराहनीय कदम उठाए हैं। बंडारू दत्तात्रेय ने कहा कि आज के वर्तमान युग में बेटियों को लक्ष्मी जी का स्वरुप समझा जाता हैं। आज के आधुनिक समाज में महिलाएं पुरूषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर हर क्षेत्र में आगे बढ़कर अपनी अलग पहचान बना रही है। कल्पना चावला, किरण बेदी, साईना नेहवाल, पी.वी. सिंधू, मैरीकोम, सानिया मिर्जा जैसी अनेकों महिलाओं ने विभिन्न क्षेत्रों में ख्याति प्राप्त करके हमारे देश का गौरव बढ़ाया हैं, इसलिए हमें अपनी मानसिकता को बदलकर बेटी पैदा होने पर भी खुशियाँ मनानी चाहिए।
