सफाई कर्मियों की सुरक्षा का रखा जाए विशेष ध्यान: डीसी
जिला मुख्यालय स्थित लघु सचिवालय में बुधवार को मैनुअल सिक्वेंजर अधिनियम के अंतर्गत डीसी स्वप्निल रविंद्र पाटिल की अध्यक्षता में सतर्कता व निगरानी कमेटी की बैठक हुई। डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल ने बैठक के दौरान मैनुअल सिक्वेंजर अधिनियम की कड़ाई से पालना के लिए संबंधित अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। इस बीच उन्होंने उक्त अधिनियम के तहत प्राप्त केसों की समीक्षा करते हुए पीड़ितों को नियमानुसार कार्यवाही के निर्देश दिए । उन्होंने बताया कि मैनुअल सिक्वेंजर अधिनियम किसी भी व्यक्ति के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक सिद्ध होने वाली सीवरेज और सेफ्टी टैंक की सफाई कार्य बिना सुरक्षा उपकरणों तथा सरकार द्वारा निर्धारित दिशा निर्देशों के बिना करवाना निषेध करता है । ऐसी कंपनी, विभाग या संस्था जो कि सीवरेज लाइनों की सफाई का कार्य करवाती है, वे इस अधिनियम के तहत दोषी मानी जाएगी। सरकार की हिदायतों के अनुसार (ईएसआर युनिट )इमरजेंसी सैनिटेशन रिस्पांस युनिट स्थापित करने के लिए आवश्यक दिशा निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि सेफ्टी टैंक से निकलने वाले मल को खुले में नहीं डालना चाहिए, इससे वातावरण दूषित होता है। सेफ्टी टैंक कार्य के लिए संचालक को नगर पालिका या जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग से पंजीकरण कराना अनिवार्य है। अगर कोई भी व्यक्ति खुले में वेस्ट डालता हुआ मिला, तो उसका चालान करते हुए सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाए। इस कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने कार्यस्थल पर सफाई कर्मचारियों की स्वास्थ्य सुरक्षा के दृष्टिगत आवश्यक दिशा निर्देश भी दिए । उन्होंने कहा कि प्रत्येक विभाग, नगरपालिका के अलावा निजी कम्पनी के सफाई कर्मचारियों के स्वास्थ्य की समय-समय पर जांच होनी चाहिए और उनको प्रशिक्षित करने के लिए विशेष कार्यशालाएं आयोजित की जानी चाहिए तथा सभी विभागो को आदेश दिये गये की सफाई का कार्य सम्बन्धित अधिकारी अपनी देखरेख में सरकार की हिदायतों के अनुसार कराये, ताकि सफाई कर्मचारियों के साथ किसी भी प्रकार की अप्रत्याशित दुर्घटना को टाला जा सके। सफाई कर्मचारियों के पास पर्याप्त उपकरण, रबड़ दस्ताने, मास्क, सुरक्षा औजार और कार्य की प्रकृति के अनुरूप वर्दी होनी चाहिए।
डीसी ने कहा कि सफाई कर्मियों व उनके परिवारों के लिए समय समय पर स्वास्थ्य जांच शिविरों के माध्यम से स्वास्थ्य जांच कराई जाए। सभी सीवर सफाई कर्मचारियों का डाटा नमस्ते पोर्टल पर दर्ज करना सुनिश्चित करे।
इस बीच जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के एक्सईएन अश्विनी सांगवान ने बैठक में मैन्युअल सिक्वेंजर अधिनियम की विस्तार से जानकारी सांझा की। उन्होंने बताया कि ऐसे कार्य में लगे श्रमिकों के लिए जरुरी सुरक्षा उपकरण की व्यवस्था विभाग द्वारा की जा रही है।
इस अवसर पर सीटीएम रविंद्र मलिक, डीडीपीओ निशा तंवर, डीआईपीआरओ सतीश कुमार, डीडब्लूओ स्वेता शर्मा, नगर परिषद बहादुरगढ़ ईओ संजय रोहिल्ला सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
