पंजाब पुलिस ने कुख्यात गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरिया गिरोह के 4 सदस्य काबू किए
जालंधर : मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर संगठित अपराधों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए जालंधर ग्रामीण पुलिस ने जालंधर-बटाला हाइवे पर पीछा करके कुख्यात जग्गू भगवानपुरिया गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके पास से बड़ी मात्रा में हथियार और वाहन भी बरामद किए हैं, जिससे पंजाब में अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले एक अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का भंडाफोड़ हो गया है। यह जानकारी पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने दी।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान असरत कंठ उर्फ साबी, कमलप्रीत सिंह उर्फ कोमल बाजवा, प्रदीप कुमार उर्फ गोरा और गुरमीत राज उर्फ जुनेजा के रूप में हुई है। पुलिस टीमों ने चार हथियार बरामद किए हैं जिनमें एक चीन निर्मित 7.65 एमएम ग्लॉक, दो .30 बोर पिस्टल और एक रिवॉल्वर सहित चार जिंदा कारतूस और तीन मैगजीन समेत उनके दो वाहन महिंद्रा एक्सयूवी (पीबी-09-3039) और ब्रेज़ा (PB-09-ईपी-7100) भी ज़ब्त किए हैं, जिनका इस्तेमाल अपराध के लिए किया जा रहा था।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि पूछताछ के दौरान गिरोह के सरगना असरत कंठ उर्फ साबी ने कबूल किया कि ज़ब्त किए गए हथियार जग्गू भगवानपुरिया गैंग के गुर्गे अमन उर्फ अंडा, जो इस समय जर्मनी में रह रहा है, द्वारा सप्लाई किए गए थे। ये हथियार बटाला निवासी संजू उर्फ साहिल कुमार के जरिए सप्लाई किए गए थे, जो इस समय जेल में है।
डीजीपी गौरव यादव ने आगे बताया कि गिरफ्तार व्यक्ति पंजाब के विभिन्न जिलों में हत्या के प्रयास, अवैध हथियार रखने और गैंग से संबंधित हिंसा समेत कई आपराधिक मामलों से जुड़े हुए हैं।
एसएसपी हरकमलप्रीत सिंह खक ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि पुलिस टीमों को विश्वसनीय सूचना मिली थी कि संदिग्ध व्यक्ति दो वाहनों, एक महिंद्रा एक्सयूवी और मारुति ब्रेज़ा में जा रहे हैं और भागने की फिराक में हैं। पुलिस टीम ने तेजी से कार्रवाई करते हुए, सीआईए स्टाफ जालंधर ग्रामीण के प्रभारी और थाना भोगपुर के मुख्य अधिकारी सिकंदर सिंह ने गांव लहिरा के पास नाका लगाया और उनकी ब्रेज़ा कार को रोकने में कामयाब रहे, जिसके परिणामस्वरूप साबी और कोमल बाजवा को तुरंत गिरफ्तार कर लिया गया।
हालांकि, महिंद्रा एक्सयूवी चला रहे व्यक्ति नाका तोड़कर फरार हो गए, जिनका पीछा करने के बाद पुलिस ने गोरा और जुनेजा को मक्सुदा के जिन्दा रोड पर पकड़ लिया और पांचवां आरोपी साजनदीप उर्फ लोड़ा भागने में कामयाब हो गया।
एसएसपी खक ने बताया कि यह गिरोह पहले 23 जुलाई को बटाला के गांधी कैंप में एक गोलीबारी की घटना में शामिल था, जहां उन्होंने एक प्रतिद्वंद्वी गिरोह के सदस्य, युधवीर उर्फ योद्धा, की हत्या कर दी थी और एक अन्य, राहुल दातर, को गंभीर रूप से घायल कर दिया था।
एसएसपी खक ने एसपी स्पेशल ब्रांच जालंधर (डी) मनप्रीत सिंह ढिल्लों और डीएसपी आदमपुर सब-डिवीजन सुमित सूद के नेतृत्व में पुलिस टीमों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई क्षेत्र में गैंग गतिविधियों को रोकने के लिए हमारे चल रहे प्रयासों में एक महत्वपूर्ण सफलता है। बता दें, आरोपियों को स्थानीय अदालत में पेश किया जाएगा, जहां पुलिस इस गिरोह की गतिविधियों और अंतरराष्ट्रीय संबंधों के बारे में और गहराई से जांच करने के लिए रिमांड की मांग करेगी।
