मुख्यमंत्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में आज लिए गए कई महत्वपूर्ण फैसले:
हरियाणा निवासियों के अधिकारों को सशक्त बनाने और सुरक्षित भूमि अधिकार सुनिश्चित करने के उद्देश्य से गांव ढंढूर, पीरांवाली, झिरी (चिकनवास) और बबरान (बस्ती और डिग्गी ताल) चार गांवों में रहने वालों को आवासीय भूमि या भूखंडों का मालिकाना देने वाली नीति बनाने को मंजूरी दे दी गई है। इस नीति के तहत 31 मार्च, 2023 तक राजकीय पशुधन फार्म, हिसार से संबंधित 1873 कनाल 19 मरला भूमि पर निर्मित आवास वाले लोग स्वामित्व अधिकार के लिए पात्र होंगे।
मंत्रिमंडल ने यूएचबीवीएन के ₹500 करोड़ के स्वीकृत कैपेक्स ऋण के पूंजीगत व्यय को पूरा करने के लिए पंजाब नेशनल बैंक के पक्ष में ₹500 करोड़ की राज्य सरकार की गारंटी प्रदान करने के प्रस्ताव को घटनोत्तर स्वीकृति प्रदान की। हरियाणा रियल एस्टेट नियामक प्राधिकरण, गुरुग्राम और पंचकूला के द्वारा रियल एस्टेट एजेंटों से लिए जाने वाले पंजीकरण शुल्क और नवीनीकरण शुल्क में संशोधन के प्रस्ताव को भी मंजूरी प्रदान की गई। संशोधित प्रावधानों के तहत एकल और स्वामित्व वाली फर्मों के लिए पंजीकरण शुल्क और नवीनीकरण शुल्क को पहले से निर्धारित क्रमशः 25,000 रुपये और 5,000 हजार रुपये से बढ़ाकर 50,000 रुपये और 10,000 रुपये किया गया है।
हिन्दी आंदोलन-1957 के मातृभाषा सत्याग्रहियों व हरियाणा राज्य शुभ्र ज्योत्सना पेंशन एवं अन्य सुविधाएं योजना, 2018 के तहत दी जाने वाली मासिक पेंशन राशि को ₹10,000 से बढ़ाकर ₹15,000 करने को मंजूरी दी गई। बढ़ी हुई मासिक पेंशन तुरंत प्रभाव से लागू होगी।
सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को बढ़ावा देने और नागरिकों की बढ़ती जरूरतों को पूरा करने के लिए मोटर वाहन अधिनियम, 1988 के अध्याय VI के तहत तैयार की गई 2016 की स्टेज कैरिज योजना में संशोधन को मंजूरी दी गई।
