कारगिल विजय दिवस के मौके पर शहीद कैप्टन अमोल कालिया को पुष्प अर्पित किये गये
पंजाब के लोग अपनी बहादुरी और बलिदान के लिए दुनिया भर में प्रेरणा का स्रोत बन गए हैं
संदीप गिल. नंगल 26 जुलाई ()
पंजाब के लोग अपनी बहादुरी और बलिदान के लिए पूरी दुनिया के लिए प्रेरणास्रोत रहे हैं। 24 साल पहले जिस भारतीय सेना के वीर जवानों ने कारगिल युद्ध में दुश्मनों को ढेर कर दुनिया में एक नई मिसाल कायम की थी, उस दिन को भारत में कारगिल विजय दिवस के रूप में मनाया जाता है। नंगल के कैप्टन अमोल कलियान की शहादत पूरे देश के लिए बड़े गर्व की बात है, जिससे प्रेरणा लेकर युवा देश की सेवा और सुरक्षा के लिए आगे आए हैं। डॉ. संजीव गौतम, डी. आर शर्मा, शिव कुमार कालिया, एडवोकेट निशांत गुप्ता, आनंद कुमार पुरी, नारायण शर्मा, मोहित पुरी और होर्ना ने शहीद कैप्टन अमोल कालिया पार्क की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की। प्रथम और द्वितीय विश्व युद्ध, 1965 के युद्ध और कारगिल युद्ध में हंसते-हंसते पंजाबियों ने जितना बलिदान दिया, उतना किसी ने नहीं। शहीद कैप्टन अमोल कालिया और उनके अन्य साथियों का बलिदान सदैव याद रखा जायेगा। नंगल, श्री आनंदपुर साहिब के पूरे क्षेत्र से सैकड़ों युवा लंबे समय से देश की सेवा के लिए विभिन्न सेनाओं में कार्यरत हैं।
