डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री ने जीता पशु पालकों का दिल
प्रदेश की पहली अल्ट्रासाउंड मशीन ललडी पशु अस्पताल को मिली
ऊना : जिला में पशुओं के उपचार के लिए विख्यात पशु अस्पताल ललडी में अल्ट्रासाउंड मशीन सरकार की ओर से उपलब्ध करवा दी गई है। प्रदेश में विभाग के पास ये पहली अल्ट्रासाउंड मशीन है जो स्थानीय पशु अस्पताल में मिलेगी। पशु पालकों ने अस्पताल में अल्ट्रासाउंड मशीन न होने का मसला डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री के समक्ष उठाया था। उन्होंने तत्काल कार्यवाही करते हुए अस्पताल के लिए 15 लाख की हाईटेक अल्ट्रासाउंड मशीन उपलब्ध करवा दी है। बता दें कि ललड़ी पशु अस्पताल बेहतरीन पशु चिकित्सा सेवाएं देने के लिए जाना जाता है। यहां पर न केवल जिला ऊना बल्कि जिला बिलासपुर, जिला कांगड़ा के भी लोग अपने पशुओं के बेहतरीन इलाज के लिए आते हैं, परंतु पहले यहां पर अल्ट्रासाउंड की सुविधा न होने की वजह से महीने में लगभग 30 से 40 पशुओं को लुधियाना के लिए रेफर किया जाता था। अधिकतर पशुपालक अपनी आर्थिकी कमजोर होने की वजह से अपने पशुओं को लुधियाना ले जाने में असमर्थ होते थे, जिसके कारण उनके पशु बिना इलाज के ही मर जाते थे जिससे इलाके के लोगों को प्रति वर्ष करोड़ों रुपए की आर्थिक हानि सहन करनी पड़ती थी । इसके अलावा पशुपालकों का अपने पशुओं के प्रति मानसिक स्नेह को भी गहरा आघात लगता था द्य इसी समस्या के समाधान के लिए समाजसेवियों ने उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री को समस्या के बारे में अवगत कराया। उपमुख्यमंत्री ने तुरंत इस समस्या के समाधान के लिए कदम उठाए जिसके तहत हिमाचल के बेहतरीन अल्ट्रासाउंड स्पेशलिस्ट डॉक्टर मनोज शर्मा को पशु चिकित्सालय ललड़ी में तैनात किया। डॉ. मनोज शर्मा एशिया के पहले ऐसे स्पेशलिस्ट हैं जिन्होंने प्रोफेसर जितेंद्र महेंद्रु (दुनिया के जाने-माने अल्ट्रासाउंड स्पेशलिस्ट) के मार्गदर्शन में ट्रॉमा पेशेंट में 2 मिनट के भीतर अल्ट्रासाउंड से निदान की नई विधि विकसित की है। इस विधि के द्वारा पशुओं में अल्ट्रासाउंड से अति शीघ्र निदान व उपचार किया। सरकार गांव के द्वार कार्यक्रम दूल्हेड़ के दौरान ग्राम पंचायत प्रधान गोंदपुर श्री संदीप शर्मा (सीपू) ने प्रदेश के उपमुख्यमंत्री से अल्ट्रासाउंड मशीन के बारे में अनुरोध किया कि हरोली के किसानों का आय का मुख्य साधन पशुपालन है तथा पशुओं की बीमारियों से निजात पाने के लिए कलर डॉपलर अल्ट्रासाउंड मशीन बहुआयामी पशु चिकित्सालय ललड़ी में अति आवश्यक है तो उपमुख्यमंत्री ने तुरंत विभागीय अधिकारियों को आदेश दिए कि अल्ट्रासाउंड मशीन ललड़ी में तुरंत प्रभाव से स्थापित की जाए जिससे कि पशुपालकों की समस्याओं का समाधान किया जा सके। हरोली के पशुपालक मुख्यत: प्रधान संदीप शर्मा (सीपू), समाज सेबी राकेश जोशी, शुभम, जोशी, नरेंद्र सिंह, सतनाम, कमल , बिला , संजीव बल्ला, महेश, अवतार सिंह, योगराज विभागीय अधिकारी डॉ. विनय शर्मा जो कि उपनिदेशक पशुपालन विभाग जिला ऊना में तैनात हैं, का धन्यवाद किया है जिन्होंने इस मशीन को लाने में अहम भूमिका निभाई।
