दिल्ली में प्रचार के अंतिम दिन नेताओं ने झोंकी पूरी ताकत
नई दिल्ली: दिल्ली विधानसभा चुनाव के लिए प्रचार आज शाम पांच बजे खत्म हो गया। प्रचार के अंतिम चरण में सभी राजनीतिक दलों ने पूरी जान लगा दी। भाजपा ने 25 साल से अधिक समय बाद राष्ट्रीय राजधानी में सत्ता हासिल करने के अपने प्रयासों को तेज करते हुए चुनाव प्रचार के अंतिम दिन समूची दिल्ली में 22 रोड शो और रैलियां कीं। दूसरी ओर, सत्तारुढ़ आम आदमी पार्टी अपनी मुफ्त कल्याणकारी योजनाओं के मॉडल पर भरोसा करते हुए लगातार तीसरी बार सत्ता हासिल करने को लेकर आश्वस्त नजर आ रही है। राष्ट्रीय राजधानी में 2013 तक 15 साल सत्ता संभालने वाली कांग्रेस पिछले दो चुनावों में एक भी सीट नहीं जीत पाई, ऐसे में वह जमीनी स्तर पर अपने आप को मजबूत करने की कोशिश कर रही है।
इस चुनावी लड़ाई में राजनीतिक दलों ने एक दूसरे पर निशाना साधने के लिए बयानबाजी के साथ-साथ एआई से तैयार पोस्टर का खूब इस्तेमाल किया और रोड शो के माध्यम से जनता को साधने की कोशिश की। इस चुनाव में विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच जुबानी जंग भी देखने को मिली। जहां आम आदमी पार्टी ने भाजपा को भारतीय झूठ पार्टी और गाली गलौज पार्टी कहा तो वहीं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आम आदमी पार्टी को आप-दा और इसके प्रमुख अरविंद केजरीवाल को घोषणा मंत्री करार देकर पलटवार किया। दिल्ली की राजनीति में वापसी की कोशिश कर रही कांग्रेस ने केजरीवाल के लिए फर्जी और मोदी का छोटा रिचार्ज जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया। एआई से बने ‘मीम्स’ और डिजिटल अभियानों के हावी होने के साथ ही इस बार दिल्ली की चुनावी लड़ाई एक अलग ही स्तर पर पहुंच गई है।
