टैंकर घोटाले में विजिलेंस ने की वाहनों की जांच, 40 लोगों के बयान दर्ज
देशराज शर्मा, शिमला: हिमाचल प्रदेश के बहुचर्चित ठियोग पेयजल आपूर्ति घोटाला मामले में विजिलेंस ने ठियोग में गत दिवस 18 वाहनों की जांच की। साथ ही पिकअप चालक व मालिक, जल शक्ति विभाग के फील्ड स्टाफ, अधिकारियों सहित 40 लोगों से पूछताछ की। टैंकर और पिकअप चालक व मालिक सहित 20 लोग शामिल हुए।
विजिलेंस ने इस बात की जांच की कि किस टैंकर और पिकअप ने कितने फेरे लगाए। उनके नंबरों का रिकार्ड के साथ भी मिलान किया गया। इसके अलावा जो नंबर दोपहिया वाहन और अन्य वाहनों के हैं उसको लेकर भी फील्ड स्टाफ और ठेकेदारों से पूछताछ की गई।
विजिलेंस आपूर्ति में इस्तेमाल की गई गाड़ियों के साथ ठेकेदारों और वाहन चालकों से उनके द्वारा लगाए गए फेरों को लेकर भी जांच की जा रही है। इसके अलावा जल शक्ति विभाग के माध्यम से जिन बैंक खातों में लेनदेन हुआ है उन खातों को भी खंगाला जा रहा है।
हालांकि चालक और वाहन मालिकों ने बताया है कि जिन वाहनों का इस्तेमाल किया गया है उनके नंबर कंप्यूटर में दर्ज करने के दौरान गलतियां हुई हैं। मौके पर पहुंची विजिलेंस टीम की जांच लगभग तीन घंटे तक चली।
टीम ने पंप हाउस का भी किया दौरा विजिलेंस टीम ने लेलुपूल स्थित पंप हाउस का भी दौरा किया। यहां से टैंकरों में पानी भरा जाता है। उन्होंने कर्मचारियों से कई अन्य दस्तावेज भी मांगे और विभागीय कर्मचारियों के बयान भी दर्ज किए। टीम सैंज बाजार और उसके आसपास के होटल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल सकती है।
