January 29, 2026

अनशन करना हमारा कारोबार नहीं, न ही हमारा शौक: जगजीत सिंह डल्लेवाल

पटियाला: हरियाणा-पंजाब के खनौरी बॉर्डर पर 46 दिन से अनशन पर बैठे किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने आज एक वीडियो संदेश जारी कर कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हमारी मांगे माने तो मैं अनशन छोड़ दूंगा। अनशन करना कोई हमारा कारोबार तो नहीं है और न ही हमारा शौक है। वहीं आज संयुक्त किसान मोर्चा के नेताओं की 6 सदस्यीय कमेटी 101 किसानों के साथ खनौरी बॉर्डर पर पहुंची। यहां पर संयुक्त किसान मोर्चा के नेताओं ने खनौरी मोर्चा के नेताओं को एकता का वह प्रस्ताव सौंपा जो मोगा की महापंचायत में पास किया गया था। किसान नेताओं ने डल्लेवाल से भी मुलाकात की। इसके बाद संयुक्त किसान मोर्चा के नेता शंभू बॉर्डर रवाना हो गए। संयुक्त किसान मोर्चा ने आज पूरे देश में केंद्र सरकार के विरोध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पुतले फूंके। बता दें कि किसान फसलों पर एमएसपी की गारंटी सहित 13 मांगों को लेकर पिछले 11 महीने से आंदोलन कर रहे हैं। किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने आज कहा कि पूरे देश को जगजीत सिंह डल्लेवाल की सेहत की चिंता है। मोगा में हुई महापंचायत में जो फैसला हुआ उसके मुताबिक अपने किसान भाइयों को बताने आए हैं कि इकट्ठे होकर इस आंदोलन को लड़ेंगे। 15 जनवरी को फिर मीटिंग है। दिल्ली आंदोलन में जो जत्थेबंदियों थी वे जल्द ही एकजुट होगी। हमारे में कोई भी मतभेद नहीं है। केंद्र सरकार को पहल के आधार पर किसानों से बातचीत करनी चाहिए। किसान नेता जोगिंदर सिंह ने कहा कि हम सभी का लक्ष्य एक है और दुश्मन भी एक है। जिस तरह आज मुलाकात हुई है उम्मीद है जल्द ही हम एक मंच पर आएंगे। अपने वीडियो संदेश में डल्लेवाल ने कहा कि आज हमें यहां पर यह सूचना मिली है कि पंजाब भाजपा की इकाई की तरफ से अकाल तख्त साहिब से अपील की गई है कि डल्लेवाल का अनशन तुड़वाया जाए उसे जत्थेदारों या पांच प्यारों के माध्यम से हुक्म दिया जाए कि वह अनशन छोड़ें। मैं अकाल तख्त साहब व सभी तख्तों व पांच प्यारों का सत्कार करता हूं। उन्होंने कहा कि पंजाब भाजपा इकाई के जो लोग हैं वह पंजाब के निवासी है और ये जो लड़ाई हम लड़ रहे हैं या जो मांगे हम उठा रहे हैं वह पूरे पंजाब के लिए है। इसलिए आपको मोदी के पास जाना चाहिए। डल्लेवाल ने कहा कि मैं आपको फिर से हाथ जोड़ता हूं कि अकाल तख्त साहब की तरफ जाने की बजाय आप कृपया मोदी जी से कहें कि वह हमारी मांगे मान ले तो हम अनशन छोड़ देंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *