किसान संगठनों का ऐलान, खनौरी में 4 जनवरी को होगी महापंचायत
30 दिसंबर को पंजाब बंद का आह्वान
संगरूर: एमएसपी की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे पंजाब के किसानों ने 4 जनवरी को खनौरी धरना स्थल पर एक विशाल ‘किसान महापंचायत’ आयोजित करने का आह्वान किया है। यह निर्णय तब लिया गया जब संयुक्त किसान मोर्चा (गैर-राजनीतिक) और किसान मजदूर मोर्चा ने 30 दिसंबर को पंजाब बंद का आह्वान किया। यह कदम उस समय उठाया गया जब सुप्रीम कोर्ट ने किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल के स्वास्थ्य पर चिंता व्यक्त करते हुए पंजाब सरकार को फटकार लगाई।
डल्लेवाल ने कहा कि वह किसी दबाव में अनशन नहीं कर रहे हैं, बल्कि किसानों के हक की लड़ाई जारी रखेंगे। उनका अनशन अब 33वें दिन में प्रवेश कर चुका है, और उन्होंने सरकार से न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की कानूनी गारंटी की मांग की है। किसान संगठनों का कहना है कि सरकार उनकी जायज मांगों पर ध्यान नहीं दे रही है और कारपोरेट घरानों का पक्ष ले रही है। कल के बंद के दौरान सड़क और रेलवे मार्गों को 9 घंटे तक जाम किया जाएगा, लेकिन आपातकालीन और स्वास्थ्य सेवाओं को राहत दी जाएगी। आज खनौरी बॉर्डर पर पंजाब की पूर्व मुख्यमंत्री राजिंदर कौर भट्टल ने भी किसान नेता डल्लेवाल का हालचाल जाना। किसान नेताओं ने इस बंद में पंजाब के सभी वर्गों से सहयोग की अपील की है।
30 दिसंबर का बंद ऐतिहासिक होगा
सुपिंदर सिंह बग्गा और गुरदीप सिंह बर्मा ने कहा कि यह बंद ऐतिहासिक होगा, क्योंकि यह किसानों और मजदूरों की 13 लंबित मांगों, जैसे एमएसपी गारंटी कानून, को लेकर किया जा रहा है। अबोहर में, व्यापार मंडल के अध्यक्ष सुरेश सतीजा ने भी इस बंद के समर्थन में व्यापारियों से सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि किसानों और व्यापारियों का आपस में गहरा संबंध है और यदि किसानों को नुकसान होगा, तो व्यापारी वर्ग भी प्रभावित होगा। किसान नेता कुलदीप सिंह ने इस बंद का उद्देश्य केंद्र और राज्य सरकार को जगाना है।
