सुखबीर बादल गोली कांड: , ‘एक नहीं दो थे हमलावर’: विक्रम मजीठिया
बोले, हत्या के प्रयास के पीछे पूर्व कांग्रेस मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा की साजिश
अमृतसर: पूर्व अकाली मंत्री व वरिष्ठ नेता बिक्रम मजीठिया ने शिअद प्रधान सुखबीर बादल की हत्या के प्रयास के पीछे पूर्व कांग्रेस मंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा की साजिश एवं सीएम भगवंत मान की विफलता को जिम्मेवार ठहराया है। पत्रकारों से बातचीत में मजीठिया ने कहा कि सुखजिंदर रंधावा व अन्य कांग्रेसियों ने एक सोची समझी साजिश के तहत 1984 के बाद अब 2024 में श्री हरिमंदिर साहिब पर हमला करवाया है।
मजीठिया ने दावा किया कि हमलावरों की संख्या एक नहीं बल्कि दो थी। उन्होंने नाम का खुलासा किए बिना बताया कि दूसरे हमलावर को एसजीपीसी की टास्क फोर्स ने काबू किया था, जो संभवत: अब पुलिस कस्टडी में है जिसे पुलिस छिपाने में जुटी है।
मजीठिया ने आरोप लगाया कि सुखजिंदर रंधावा ने पूर्व जेल मंत्री रहते न सिर्फ आतंकी नारायण सिंह चौड़ा को जेल से रिहा करवाया, बल्कि नारायण के भाई नरिंदर सिंह चौड़ा को कांग्रेस ब्लाक समिति का इंचार्ज लगवाया। इनकी आपसी संबंधों की कहानियां किसी से छिपी नहीं हैं।
रंधावा नारायण व नरिंदर को पनाह देते रहे हैं। इसी साजिश के चलते श्री हरिमंदिर साहिब एवं सुखबीर बादल पर हमला किया गया है। इस प्रकरण की जांच में रंधावा की भूमिका का पर्दाफाश भी होना चाहिए। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट से इसका स्वयं संज्ञान लेते हुए न्यायिक जांच का आदेश देने की मांग भी की।
उन्होंने इस साजिश में पुलिस अधिकारियों की मिलीभगत होने की भी आशंका जताते हुए पुलिस कर्मियों पर भी केस दर्ज करने की मांग की है। उन्होंने सीआईएसएफ के जवानों, जो उस समय सुखबीर के समीप नहीं थे, के खिलाफ भी जांच की मांग की है। उन्होंने खुलासा किया कि हमलावर एक नहीं दो थे। उन्होंने कहा कि सीएम मान को सुरक्षा में चूक के कारण तुरंत अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए।
