मेरी जीत के साथ शुरू हुआ अमेरिका का स्वर्ण युग: डोनाल्ड ट्रंप
जैसा कि मीडिया रिपोर्ट्स में कहा जा रहा था कि डोनाल्ड ट्रंप ही अमेरिका के अगले राष्ट्रपति होंगे, रिपब्लिकन उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप ने एक बड़े अंतराल से अमेरिका के राष्ट्रपति का चुनाव जीत लिया है। हालांकि सर्वे में यह भी दावे किए जा रहे थे कि ट्रंप और कमला हैरिस के बीच मुकाबला सख्त होगा। लेकिन नतीजा ने यह साबित किया है कि डोनाल्ड ट्रंप की लोकप्रियता पहले के मुकाबले में काफी बढ़ी है। डोनाल्ड ट्रंप को 50 राज्यों की 538 सीटों में से 277 सीटों पर विजय हासिल हुई है जबकि कमला हैरिस कड़ी टक्कर देने के बावजूद 224 सीटें ही जीत पाई है। डोनाल्ड ट्रंप 2016 में भी राष्ट्रपति चुने गए थे जबकि 2020 में वे जो बाइडेन से कड़े मुकाबले में हार गए थे।
डोनाल्ड ट्रंप ने राष्ट्रपति चुनाव में अपनी जीत का ऐलान कर दिया है। उन्होंने जीत को अमेरिका का ‘स्वर्ण युग’ बताया। ट्रंप ने कहा , “यह अमेरिकी लोगों के लिए एक शानदार जीत है, जो हमें अमेरिका को फिर से महान बनाने का अवसर देगी।”
डोनाल्ड ट्रंप की जीत के लिए कुछ महत्वपूर्ण कारण जिम्मेदार रहे, जिनमें अमेरिका में ट्रंप के शासन के बाद सत्ता में आए जो बाइडेन को महंगाई के मुद्दे पर जनता की नाराजगी झेलनी शामिल है। पिछले वर्षों में खाद्य उत्पादों के दाम में वृद्धि से लोग परेशान हुए। खाद्य महंगाई को छोड़कर बाकी मामलों में अर्थव्यवस्था में कोई खास समस्या नहीं रही थी। अमेरिका में 1970 के बाद से वर्तमान में सबसे ज्यादा महंगाई है। महंगाई को के मुद्दे को चुनाव प्रचार के दौरान रिपब्लिकन उम्मीदवार ने खूब उछाला था। डोनाल्ड ट्रंप ने राष्ट्रपति चुनाव में देश की अर्थव्यवस्था और बेरोजगारी को लोगों के बीच एक अहम मुद्दा बताया। कई लोगों को साफ लगता है कि जो बाइडेन के कार्यकाल में अर्थव्यवस्था में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। ट्रंप ने अपने भाषणों में अर्थव्यवस्था का मुद्दा जमकर उठाया और बताया कि कैसे उनके कार्यकाल में अर्थव्यवस्था दुनिया में मजबूत स्थिति में थी।
चुनाव प्रचार के दौरान विदेश नीति के सवाल पर भी ट्रंप ने राष्ट्रपति जो बाइडेन को कटघरे में खड़ा किया था। उन्होंने विदेश नीति में सही पॉलिसी न अपनाने का आरोप लगाया। कमला हैरिस इस सरकार में उपराष्ट्रपति थीं। ऐसे में जब भी ट्रंप ने रैली में सवाल उठाया तो कमला हैरिस इसमें फंसती नजर आईं। उन्होंने उदाहरण में यूक्रेन का मुद्दा भी उठाया है।
इसी तरह उन्होंने अवैध इमीग्रेशन के मुद्दे को भी जोर-जोर से उठाया जो इस चुनाव में लोगों के बीच भावनात्मक मुद्दा बन गया। उन्होंने बाइडेन प्रशासन पर ढिलाई बरतने और लोगों की मदद के नाम पर देश का पैसा बाहरी देशों पर लुटाने का आरोप लगाया। चुनाव में लोगों ने इस मुद्दे पर ट्रंप का साथ दिया। डोनाल्ड ट्रंप को उनकी शानदार जीत के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित दुनिया भर के नेताओं ने उन्हें शुभकामनाएं दी है।
