अब एसकेएम भी मैदान में, आज काला दिवस से मुहिम शुरू
किसान संगठन 26 को निकालेंगे ट्रैक्टर मार्च, रामलीला मैदान दिल्ली में 14 मार्च को महापंचायत
चंडीगढ़: हरियाणा-पंजाब के खनौरी सीमा पर युवक की मौत के एक दिन बाद बृहस्पतिवार को कई किसान यूनियनों के संगठन संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) ने एकजुटता दिखाई। हालांकि एसकेएम ने ‘दिल्ली चलो’ आंदोलन को खुलकर समर्थन नहीं दिया। साथ ही हरियाणा-पंजाब सीमा पर चल रहे विरोध प्रदर्शन में शामिल नहीं होने का फैसला भी किया है। एसकेएम ने अपने से अलग हुए गुटों से बातचीत के लिए छह सदस्यीय समिति की घोषणा की है। समिति के सदस्य जोगिंदर सिंह उगराहां, डॉ. दर्शन पाल, बलबीर सिंह राजेवाल, हन्नान मोला, युद्धवीर सिंह और रमिंदर पटियाला हैं। बता दें कि वर्तमान आंदोलन भी सरवन सिंह पंधेर एवं जगजीत सिंह डल्लेवाल के नेतृत्व में अलग गुट के नेतृत्व में चल रहा है।
चंडीगढ़ में किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा कि अपनी मांगों को लेकर 26 फरवरी को देशभर के किसान अपने ट्रैक्टरों को राज्य और राष्ट्रीय राजमार्गों पर खड़ा करेंगे, लेकिन यातायात को बाधित नहीं करेंगे। इसके बाद 14 मार्च को दिल्ली में महापंचायत आयोजित की जाएगी। बृहस्पतिवार को हुई बैठक में किसान नेता जोगिंदर सिंह उगराहां, बलबीर सिंह राजेवाल, डॉ. दर्शन पाल, राकेश टिकैत और रमिंदर सिंह पटियाला समेत यूपी, हरियाणा और पश्चिम बंगाल के नेताओं ने शिरकत की। किसान नेताओं ने तय किया कि शुक्रवार को काला दिवस मनाने के साथ ही हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल, गृह मंत्री अनिल विज और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के पुतले जलाएंगे। किसान नेताओं ने यह भी मांग की कि पंजाब सरकार को हरियाणा के मुख्यमंत्री और गृह मंत्री के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करना चाहिए।उधर, बृहस्पतिवार को शंभू बॉर्डर पर शांति रही। सरवन सिंह पंधेर एवं जगजीत सिंह डल्लेवाल के नेतृत्व वाले किसान संगठन ने शुक्रवार को जगह-जगह काले झंडे लगाने का ऐलान किया है। किसान नेताओं ने युवक की मौत के खिलाफ विरोध दर्ज कराने के लिए घरों और वाहनों पर काले झंडे लगाने का भी आह्वान किया। उधर, अकाली नेता प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने डल्लेवाल के स्वास्थ्य की जानकारी ली। सांसद परनीत कौर ने युवा किसान की मौत पर दुख जताया। इस बीच, शिरोमणि अकाली दल अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने कहा, ‘बाहरी लोगों द्वारा पंजाब की धरती के सच्चे सपूत की हत्या पर केस दर्ज करने के लिए भगवंत मान किसकी इजाजत का इंतजार कर रहे हैं ?’
